prashant kishoreprashant kishore

यु तो भारत में राजनीतीक गतिविधिया हर दिन हर वक़्त चलती ही रहती है, लेकिन जब बात जल्द होने वाले विधानसभा चुनाव की हो तो मामला और भी ध्यानाकर्षी हो जाता है। इसी दौरान कुछ ऐसी बाते उठ रही है कि भारत के मशहूर राजनितिक सलाहकार को देश की सबसे पुरानी पार्टी अपने दल में शामिल करना चाह रही है। अब जब विधान सभा चुनाव को लेकर राजनितिक सहगर्मियों की शुरुवात हो चुकी है तो हमेशा की तरह इस बिच राजनितिक सलाहकार “प्रशांत किशोर” का भी सुर्खियों में आना लाज़मी है।

अगले साल 5 राज्यों में चुनाव होने वाली है ऐसे में हालिया ताज़ा जानकारी यह है कि प्रशांत किशोर कांग्रेस पार्टी में जुड़ते नज़र आ सकते है। सामने चुनाव हो तो राजनितिक गलियारों में इस तरह कि पारी की खबरे आना कोई बड़ी बात नहीं। हालांकि इसपर अब तक ना कांग्रेस से किसी का बयान आया है और ना ही प्रशांत किशोर ने अबतक कोई मान्य जवाब दिया है। उड़ती फिरती ख़बर यह भी थी कि हाल ही में राहुल और प्रियंका गाँधी से मुलाकात करने गए थे प्रशांत किशोर। मिलने का कारण क्या था और क्या बाते हुई उन लोगों में यह अब तक पूर्ण रूप से पता नहीं चल पाया है। लेकिन अब राहुल अपने सहयोगी नेताओं से इस विषय पर परामर्श करते दिख रहे है जिसका फ़ैसला जल्द सबके सामने होगा।

लेकिन एक मीडिया वेबसाइट के अनुसार प्रशांत किशोर का यह कहना है कि “मौजूदा समय में किसी भी राजनितिक हलचल में उनका कोई भी भागीदारी नहीं है। चाहे वह पंजाब का किस्सा हो या कोई और मामला, किसी भी चुनावी पार्टी के फैसले में उनकी कोई हिस्सेदारी नहीं है।” दूसरी ओर एक और वेबसाइट के लिखित अनुसार अगर कांग्रेस पार्टी और प्रशांत किशोर दोनों पक्ष सहमत होते है, तो प्रशांत किशोर को महासचिव (अभियान प्रबंधन) के रूप में कांग्रेस में नियुक्त किया जायेगा।

आपको बता दें की प्रशांत किशोर का आख़िरी पश्चिम बंगाल में हुए चुनाव के दौरान ममता बनर्जी के त्रिमूल कांग्रेस का चुनावी रणनीतिकार का जिम्मा प्रशांत किशोर ने ही संभाला था। यहाँ तक की उन्होंने चुनाव के शुरुवाती समय में ही यह एलान कर दिया था कि बीजेपी की हार होगी।