बिहार में हर दिन गर्मी बढ़ती जा रही है। कई जिलों में लू चलने जैसी स्थिति देखने को भी मिल रही है। बीते दिन बिहार के जिले में अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस पाया गया तो वहीं न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस रहा। इस तरह की बढ़ती गर्मी व धूप के कारण लोग अस्त-व्यस्त रहे। ऐसे में डॉक्टर द्वारा सलाह दी गयी है कि बेतहाशा गर्मी के कारण धूप के सीधे संपर्क में आने से हीट स्ट्रोक की आशंका बढ़ सकती है।
यह सलाह केवल बच्चों के लिए नहीं है, इसके तहत बड़े व युवाओं को भी इससे बच कर रहना चाहिए। बता दें, पतली चमड़ी व अधिक संवेदनशील होने के कारण नवजात पर गर्मी का अधिक प्रभाव पड़ रहा है। इलाज कराने आने वालों में 20 से 25 फीसद रोगी इस तरह के पहुंच रहे हैं।
बिहार के कई जिलों में रोजाना दोपहर के वक़्त 40 से ऊपर तापमान जा रहा है। जो हेल्थ को खराब करने के लिए प्रर्याप्त है। इस कारण छोटे बच्चे चमकी बुखार की चपेट में भी आ सकते हैं। सतर्क व सावधान रहकर इससे बचें। हीट स्ट्रोक व चमकी बुखार एक गंभीर स्थिति है। इसमें लापरवाही से रोगी की हालत बहुत ही गंभीर हो सकती है। लोग जितना हो सके घर में रहें। और शाम के वक़्त में अपना बचा हुआ काम करें।
