Report by Manisha:
देश में टीकाकरण अभियान को भी कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के बीच तेज कर दिया गया है। 45 साल से अधिक उम्र वाले लोगों का टीकाकरण अभियान आज यानी एक अप्रैल से शुरू होने जा रहा है। अभी तक 60 साल से अधिक उम्र वाले बुजुर्गों और 45 साल से ज्यादा उम्र के लोग जिन्हें गंभीर बीमारियां हैं, उन्हें ही सिर्फ टीका लगाया जा रहा था। लेेकिन आज यानी 1 अप्रैल से अब 45 साल से अधिक उम्र के लोगों को भी वैक्सीन लगनी शुरू हो जाएगी। सरकार ने हाल ही में यह कदम जल्द से जल्द बड़ी आबादी का टीकाकरण करने के उद्देश्य से उठाया है। अब कोई भी व्यक्ति जिसकी उम्र 45 साल से ज्यादा है, वह वैक्सीन की डोज लगवा सकेगा। वहीं वैक्सीनेशन के लिए लोग ऑनलाइन भी रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं और अस्पताल में भी जाकर टीका लगवा सकते हैं।
कैसे लगवा सकते हैं कोरोना टीका?
आपको बता दे कि जिन लोगों की उम्र 45 साल से अधिक है, वे वैक्सीनेशन अभियान में दो तरीके से शामिल हो सकते हैं। इन दोनों तरीकों के बारे में केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने जानकारी दी है। उन्होंने बताया है कि कोविन की वेबसाइट http://cowin.gov.in के जरिए से एडवांस में अप्वॉइन्टमेंट ली जा सकती है। हालांकि, अगर आप एडवांस में रजिस्ट्रेशन नहीं करवाना चाहते हैं तो फिर आपको दोपहर तीन बजे के बाद अपने नजदीकी अस्पताल जहां पर कोरोना का टीका लगाया जा रहा है, वहां जाना होगा। आप वहां पर भी कोविड-19 की वैक्सीन की डोज लगवा सकेंगे। मालूम हो कि देश में दो तरीके के कोरोना टीका लगाए जा रहे हैं। एक सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया द्वारा बनाई गई कोविशील्ड है और दूसरा भारत बायोटेक की देसी कोवैक्सीन है।
क्या फ्री में लग रहा कोरोना टीका?
क्या कोरोना टीका फ्री में लगवाया जा रहा है कि नहीं यह सवाल कोरोना टीका लगवाने जा रहे लोगों के मन में जरूर उठ रहा होगा। आपको बता दें कि प्राइवेट अस्पताल में लोगों को वैक्सीन के लिए पैसे खर्च करने पड़ेंगे। जबकि सरकार ने पिछले दिनों प्राइवेट अस्पताल के लिए वैक्सीन की एक डोज की अधिकतम कीमत 250 रुपये तय कर दी थी। हालांकि, मुफ्त में भी कोविड वैक्सीन की डोज ली जा सकती है। इसके लिए आपको सरकारी अस्पताल जाना होगा। वहां पर मुफ्त में कोरोना की वैक्सीन लगाई जा रही है।
कौन से डॉक्यूमेंट्स साथ में होंगे जरूरी?
सरकार की ओऱ से टीकाकरण में शामिल होने के लिए 12 पहचानपत्रों की एक सूची जारी की गई है। इनमें आधार कार्ड , ड्राइविंग लाइसेंस, स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, मतदाता पहचानपत्र, पैन कार्ड, जनप्रतिनिधियों को जारी पहचानपत्र, बैंक/पोस्ट ऑफिस पासबुक, पासपोर्ट, पेंशन दस्तावेज, सरकारी कर्मचारियों का सेवा पहचानपत्र और राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर यानी एनपीआर के तहत जारी स्मार्ट कार्ड शामिल है। वहीं इनमें से कोई भी एक पहचान पत्र टीका लगवाने पहुंचने वाले शख्स को अपने पास रखना होगा और वैक्सीनेशन सेंटर पर दिखाना होगा। जिसके बाद ही प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
कब शुरू हुआ अभियान
आपको बता दे कि पहला चरण 16 जनवरी को शुरू हुआ था जिसमें दिल्ली में 3.6 लाख से अधिक स्वास्थ्य कर्मी एवं अग्रिम पंक्ति के कर्मियों को टीका लगाया गया था। वहीं दूसरे चरण में, 60 वर्ष से अधिक उम्र और पहले से गंभीर बीमारी से पीड़ित 45-59 साल के लोगों को कोरोना वायरस से बचाव का टीका लगाया गया था।
कौन पात्र होंगे
सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, तीसरे चरण में जो लोग एक जनवरी 2022 को 45 साल और इससे अधिक उम्र के होंगे, वे टीकाकरण के पात्र हैं, चाहे उन्हें कोई बीमारी हो या नहीं। टीकाकरण केंद्र सुबह नौ से रात नौ बजे तक काम करेंगे।
कब किसे लगेगी वैक्सीन
वहीं दूसरी ओर एक अधिकारी ने बताया कि सुबह नौ बजे से दोपहर तीन बजे तक सिर्फ पंजीकृत लोगों को ही टीका लगाया जाएगा। गैर पंजीकृत लोग दोपहर तीन बजे से रात नौ बजे के बीच टीका लगवा सकते हैं। उन्होंने ये भी बताया कि टीका लगवाने के लिए लोगों को आधार कार्ड या कोई भी अन्य वैध पहचान साक्ष्य लाना होगा। अधिकारी ने बताया कि तीसरे चरण का टीकाकरण अभियान 192 केंद्रों पर चलेगा जिनमें से 136 राष्ट्रीय राजधानी के निजी अस्पताल हैं।

