हाइड्रोपॉवर की क्षमता को बढ़ावा देने के लिए, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) आज हिमाचल प्रदेश के मंडी में 11,000 करोड़ रुपये से अधिक के हाइड्रोपॉवर परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। वह हिमाचल प्रदेश ग्लोबल इन्वेस्टर्स मीट (Himachal Pradesh Global Investors’ Meet) के दूसरे ग्राउंडब्रेकिंग समारोह की भी अध्यक्षता करेंगे।
प्रधानमंत्री रेणुकाजी (Renukaji) बांध परियोजना की आधारशिला रखेंगे। 40 मेगावाट की इस परियोजना का निर्माण करीब 7000 करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा। यह दिल्ली के लिए बेहद फायदेमंद साबित होगा, जो प्रति वर्ष लगभग 500 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी की आपूर्ति प्राप्त करने में सक्षम होगा। इसके साथ हीं वो लुहरी (Luhri) स्टेज 1 हाइड्रोपॉवर परियोजना की आधारशिला रखेंगे। 210 मेगावाट की इस परियोजना का निर्माण 1800 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से किया जाएगा। इससे प्रति वर्ष 750 मिलियन यूनिट से अधिक बिजली का उत्पादन होगा।
वह धौलासिद्ध (Dhaulasidh) हाइड्रोपॉवर परियोजना की आधारशिला भी रखेंगे। यह हमीरपुर जिले की पहली हाइड्रोपॉवर परियोजना होगी। 66 मेगावाट की इस परियोजना का निर्माण 680 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से किया जाएगा। इससे प्रति वर्ष 300 मिलियन यूनिट से अधिक बिजली का उत्पादन होगा। प्रधानमंत्री सावरा-कुड्डू (Sawra-Kuddu) हाइड्रोपॉवर परियोजना का उद्घाटन भी करेंगे। 111 मेगावाट की इस परियोजना का निर्माण लगभग 2080 करोड़ रुपये की लागत से किया गया है। इससे प्रति वर्ष 380 मिलियन यूनिट से अधिक बिजली का उत्पादन होगा, और राज्य को सालाना 120 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व अर्जित करने में मदद मिलेगी।
