शिक्षा की एक नयी मिसाल पेश करने वाला पटना यूनिवर्सिटी अपने शताब्दी वर्ष को पूरा कर चूका है। इसके अन्दर कई कॉलेज आते हैं, पर पटना साइंस कॉलेज की बात ही कुछ और है। पटना साइंस कॉलेज (Patna Science College) को देश और दुनिया के सबसे होनहार छात्रों के स्थान के लिए जाना जाता था, पर बीतते वक़्त के साथ कहीं न कहीं इस कॉलेज की चमक कहीं खो सी गयी है। अब इस कॉलेज को जल्द ही एक शानदार लाइब्रेरी और स्तंभ की सौगात मिलने वाला है। इसके साथ ही यहाँ कई नए बदलाव भी किये जायेंगे।
राजधानी पटना के सबसे पुराने कॉलेज माने जाने वाले पटना साइंस कॉलेज का एक अलग इतिहास रहा है। इस साल पटना साइंस कॉलेज, अपने गौरवशाली 94 वर्ष पूरे कर चुका है, पर इसके स्थापना दिवस पर कोई कार्यक्रम नहीं आयोजित किया गया। एक खास बात ये है की स्थापना दिवस भले ही नहीं मनाया गया हो लेकिन कई ‘बड़ी परियोजनाओं’ पर विचार किया जा रहा है। अब जल्द ही साइंस कॉलेज के परिसर को एक स्मारक स्तंभ मिल सकता है। इस सतंभ के चार मुख होंगे, जो कॉलेज के विभिन्न विभागों को दर्शाएगा। ये स्मृति स्तंभ कॉलेज के इतिहास का प्रतीक होगा। इसे कॉलेज के प्रशासनिक ब्लॉक के पिछले हिस्से और जिम के बीच के हिस्से में स्थापित किया जाएगा।
ये स्मृति स्तंभ अपने आप में पहला ऐसा स्तंभ होगा। इसको बनाने का मुख्य उद्देश्य सभी विभागों को एक साथ दिखाना है, जो साथ में विभिन्न विभागों को दर्शाने वाले तत्वों को भी दिखाएगा। इसके साथ ही कॉलेज कैंपस के पूर्वी भाग के जिम को फिर से निर्माण किया जाएगा। शिक्षा की गुणवत्ता में कमी न आए इसके लिए लाइब्रेरी को भी एक नया रूप दिया जायेगा। कॉलेज के भौतिकी विभाग के पास में एक एयर कंडिशन वाले लाइब्रेरी कॉम्प्लेक्स का निर्माण किया जाएगा। हालांकि, यह योजनाएं अपने प्रारंभिक चरण में हैं। जब ये लाइब्रेरी बनकर तैयार हो जायेगा तब प्रशासनिक ब्लॉक की पहली मंजिल पर स्थित पुराने लाइब्रेरी से पुस्तकें यहाँ पर ट्रांसफर कर दी जाएँगी।
पटना साइंस कॉलेज, अपने आप में कई सारे इतिहास को समेटे हुए है। इसके लैब्स स्पेशली, फिजिक्स और केमिस्ट्री के विभाग की काफी विकसित सिस्टम की हुआ करती थी। प्रतिष्ठित धरोहर माने जाने वाले साइंस कॉलेज की नींव 15 नवंबर 1928 को रखी गयी थी। इसका औपचारिक उद्घाटन भारत के तत्कालीन वायसराय लॉर्ड इरविन ने किया था। ये कॉलेज पटना विश्वविद्यालय से संबद्ध है,और विज्ञान में ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन कोर्सेज प्रदान करता है। यह कॉलेज पहले जूनियर स्कूल, हाई स्कूल और जूनियर कॉलेज शिक्षा सहित 10+2 कोर्सेज प्रदान करता था, लेकिन इन्हें अब बंद कर दिया गया है। ये कॉलेज अपनी मॉडर्न लैब्स और अकादमिक वातावरण के लिए प्रसिद्ध है।
